Wednesday, July 15, 2026
Homeअर्थव्यवस्थाभारत-UK ट्रेड डील ने पहले दिन किया कमाल! 140 मिलियन डॉलर से...

भारत-UK ट्रेड डील ने पहले दिन किया कमाल! 140 मिलियन डॉलर से ज्यादा का निर्यात, कारोबारियों की उम्मीदें बढ़ी


भारत और ब्रिटेन (UK) के बीच लागू हुए कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट (CETA) का असर पहले ही दिन देखने को मिल गया। समझौता लागू होने के पहले दिन भारत ने ब्रिटेन को 140 मिलियन डॉलर (करीब 1,300 करोड़ रुपये) से ज्यादा मूल्य का सामान निर्यात किया। इस शानदार शुरुआत से भारतीय कारोबारियों और निर्यातकों में नई उम्मीद जगी है। सरकार का मानना है कि यह समझौता आने वाले वर्षों में दोनों देशों के व्यापार को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा।

वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने बताया कि भारत और ब्रिटेन ने वर्ष 2030 तक 100 अरब डॉलर के द्विपक्षीय व्यापार का लक्ष्य तय किया है। वित्त वर्ष 2025-26 में दोनों देशों के बीच वस्तुओं का कुल व्यापार 25.12 अरब डॉलर रहा, जिसमें भारत का ट्रेड सरप्लस 1.76 अरब डॉलर रहा। पहले ही दिन मिला मजबूत रिस्पॉन्स इस लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में अच्छा संकेत माना जा रहा है।

भारतीय निर्यातकों को मिलेगा सबसे बड़ा फायदा

इस ट्रेड डील के तहत भारत के 99.5 फीसदी निर्यात मूल्य और 98.8 फीसदी टैरिफ लाइनों पर ब्रिटेन में आयात शुल्क खत्म कर दी गई है। इससे टेक्सटाइल, रेडीमेड गारमेंट, लेदर, फुटवियर, जेम्स एंड ज्वेलरी, मरीन प्रोडक्ट्स, प्रोसेस्ड फूड, इंजीनियरिंग गुड्स, ऑटो पार्ट्स और केमिकल्स जैसे सेक्टर को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है। खास बात यह है कि इन सेक्टरों में बड़ी संख्या में एमएसएमई काम करते हैं, जिससे रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।

PM मोदी ने बताया ऐतिहासिक कदम

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस समझौते को भारत-UK संबंधों के लिए ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि यह ट्रेड डील किसानों, उद्यमियों और MSME सेक्टर को नई ताकत देगी। साथ ही तकनीक, प्रोफेशनल सेवाओं और इनोवेशन के क्षेत्र में भी दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ेगा। इसके अलावा सोशल सिक्योरिटी एग्रीमेंट से ब्रिटेन में काम करने वाले भारतीय पेशेवरों को भी राहत मिलेगी।

उद्योग जगत ने जताई खुशी

उद्योग संगठनों का कहना है कि यह समझौता केवल व्यापार बढ़ाने तक सीमित नहीं है, बल्कि भारतीय उत्पादों को वैश्विक बाजार में अधिक प्रतिस्पर्धी बनाएगा। इससे भारत के श्रम-प्रधान उद्योगों को बड़ा फायदा मिलेगा और निर्यात में तेजी आएगी। वहीं स्कॉच व्हिस्की जैसे कुछ ब्रिटिश उत्पादों पर आयात शुल्क चरणबद्ध तरीके से कम होने से दोनों देशों के व्यापारिक संबंध और मजबूत होंगे।

इनपुट- PTI

यह भी पढ़ें- भारत में अब नहीं बिकेंगे जबरन मजदूरी से बने प्रोडक्ट! सरकार ने लिया बड़ा फैसला, जानिए किन सामानों पर पड़ेगा असर





Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments