Thursday, September 10, 2026
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वैश्विक मंदी के बावजूद भारत का व्यापार हुआ मजबूत, अप्रैल-अगस्त में 15% बढ़ा निर्यात


दुनिया भर में आर्थिक अनिश्चितता और व्यापारिक चुनौतियों के बीच भारत के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। अप्रैल से अगस्त 2026 के दौरान भारत का माल निर्यात करीब 15 फीसदी बढ़ा है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर जारी उथल-पुथल के बावजूद भारत के एक्सपोर्ट सेक्टर ने मजबूत प्रदर्शन किया है। यह आंकड़ा ऐसे समय आया है, जब दुनिया के कई बाजारों में मांग और व्यापार को लेकर चिंता बनी हुई है।

ब्रिक्स महिला व्यापार गठबंधन के महिला-नेतृत्व विकास शिखर सम्मेलन में पीयूष गोयल ने बताया कि चालू वित्त वर्ष के शुरुआती पांच महीनों यानी अप्रैल से अगस्त के बीच भारत का मर्चेंडाइज एक्सपोर्ट 15 फीसदी से अधिक बढ़ा है। अगस्त के निर्यात और आयात के आधिकारिक आंकड़े वाणिज्य मंत्रालय 15 सितंबर को जारी करेगा। इससे पहले अप्रैल-जुलाई के दौरान भारत का निर्यात 17.04 फीसदी बढ़कर 173.78 अरब डॉलर हो गया था। इसी अवधि में आयात 19.27 फीसदी बढ़कर 292.38 अरब डॉलर रहा।

ब्रिक्स देशों के साथ व्यापार बढ़ाने पर जोर

गोयल ने कहा कि भारत और ब्रिक्स देशों के बीच वस्तुओं और सेवाओं के व्यापार को बढ़ाने की काफी संभावनाएं हैं। उन्होंने देशों से महिलाओं के नेतृत्व वाले कारोबार और छोटे उद्यमों को अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच दिलाने में सहयोग करने की अपील की। मंत्री ने कहा कि किसी कारोबारी को अंतरराष्ट्रीय व्यापार में प्रवेश के लिए मुख्य रूप से क्रेडिट, खरीदारों और बाजारों तक पहुंच और कारोबार के लिए स्थिर नियमों की जरूरत होती है।

महिला कारोबारियों को मिलेगा बढ़ावा

गोयल ने ब्रिक्स देशों से महिला उद्यमियों के लिए आसान कर्ज, नए बाजार और बेहतर कारोबारी माहौल तैयार करने पर जोर दिया। उन्होंने अधिक महिला कारोबारी प्रतिनिधिमंडलों को अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों और बिजनेस फोरम में भेजने का सुझाव भी दिया। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स देश इलेक्ट्रॉनिक ट्रेड डॉक्यूमेंट, ई-इनवॉइस और ई-कस्टम्स जैसी सुविधाओं के लिए साझा प्लेटफॉर्म पर काम कर सकते हैं। इससे सीमा पार व्यापार आसान हो सकता है।

सर्विस सेक्टर में भी बड़ी संभावना

गोयल के मुताबिक, वैश्विक सेवाओं का व्यापार करीब 10 लाख करोड़ डॉलर का है, जबकि ब्रिक्स देशों के बीच सेवाओं का कारोबार अभी अपेक्षाकृत कम है। ऐसे में डिजिटल इकोनॉमी, सेवाओं और महिला उद्यमियों के लिए आगे बढ़ने के बड़े अवसर मौजूद हैं।

इनपुट- PTI

यह भी पढ़ें- भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील पर अटका आखिरी पेंच, पीयूष गोयल ने बताया कब फाइनल होगा समझौता





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