Wednesday, January 7, 2026
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Maduro’s Wife Injured in US Operation: Eye Wounds and Rib Fracture Revealed | अमेरिकी ऑपरेशन में जख्मी हुईं मादुरो की पत्नी: आंखों में जख्म, पसलियों में फ्रैक्चर; सैनिकों ने बेडरूम से खींचकर निकाला था


न्यूयॉर्क3 घंटे पहले

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अमेरिकी सेना के वेनेजुएला ऑपरेशन में अपदस्थ राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की पत्नी सिलिया फ्लोरेस को काफी चोटें आई हैं।

न्यूयॉर्क पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक 69 साल की फ्लोरेस जब सोमवार को न्यूयॉर्क कोर्ट में पेश हुईं तब उनके चेहरे पर दो पट्टियां लगी थीं। एक पट्टी आंख के ऊपर और दूसरी माथे पर थी।

उनकी दाहिनी आंख पर चोट का नीला निशान साफ दिखाई दे रहा थी। फ्लोरेस के वकील मार्क डोनेली ने कोर्ट को बताया कि ये चोटें उस वक्त लगीं, जब अमेरिकी सेना ने उन्हें पकड़ा था।

वकील ने कहा कि फ्लोरेस की पसलियों में भी फ्रैक्चर है। उन्हें इलाज की जरूरत पड़ सकती है। उन्होंने अदालत से मांग की कि फ्लोरेस का पूरा एक्स-रे कराया जाए, ताकि यह पता किया जा सके कि हिरासत में उनकी सेहत ठीक है।

निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को 5 जनवरी, 2026 को न्यूयॉर्क के डाउनटाउन मैनहट्टन हेलीपोर्ट पर सुरक्षा घेरे में ले जाया जा रहा है।

निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को 5 जनवरी, 2026 को न्यूयॉर्क के डाउनटाउन मैनहट्टन हेलीपोर्ट पर सुरक्षा घेरे में ले जाया जा रहा है।

फ्लोरेस ने खुद को निर्दोष बताया

फ्लोरेस के साथ उनके पति निकोलस मादुरो भी कोर्ट में पेश हुए। मादुरो पर कोकीन की तस्करी और हथियारों से जुड़े अपराधों समेत कई आरोप लगाए गए हैं, जिन पर उन्होंने खुद को निर्दोष बताया।

मादुरो ने कहा, “मैं निर्दोष हूं। यहां जो कुछ भी कहा गया है, उसमें मैं किसी भी बात का दोषी नहीं हूं। मैं एक शरीफ इंसान हूं।”

फ्लोरेस ने भी दुभाषिए (अनुवादक) के जरिए स्पेनिश में यही बात दोहराई। उन्होंने अमेरिका में कोकीन भेजने की साजिश और हथियार व ड्रग्स से जुड़े अन्य आरोपों में खुद को निर्दोष बताया।

कोर्ट ने जरूरी इलाज कराने का निर्देश दिया

मामले की सुनवाई कर रहे जज एल्विन हेलरस्टीन ने प्रॉसिक्यूटर्स (सरकारी वकीलों) को निर्देश दिया कि वे फ्लोरेस के वकील के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करें कि उन्हें जरूरी इलाज मिले।

वहीं, मादुरो के वकील ने अलग से अदालत को बताया कि उनके मुवक्किल को भी कुछ स्वास्थ्य समस्याएं हैं, जिन पर ध्यान देने की जरूरत है।

सिलिया फ्लोरेस और उनके पति निकोलस मादुरो पर गंभीर आरोप लगे हैं। अगर ये आरोप साबित हो जाते हैं, तो दोनों को उम्रकैद तक की सजा हो सकती है। यहां तक कि मौत की सजा की संभावना भी बताई जा रही है।

अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि इन्हीं आरोपों के आधार पर उन्होंने अचानक कार्रवाई करते हुए मादुरो को सत्ता से हटाकर जबरन देश से बाहर निकाला।

कोर्ट रूम स्केच में वेनेजुएला के पकड़े गए राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को दिखाया गया है। वे सोमवार को अदालत में पेश हुए थे।

कोर्ट रूम स्केच में वेनेजुएला के पकड़े गए राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को दिखाया गया है। वे सोमवार को अदालत में पेश हुए थे।

कोर्ट में पेशी के दौरान थके नजर आए पति-पत्नी

सुनवाई के दौरान फ्लोरेस को डिफेंस टेबल पर बैठने के लिए सहारे की जरूरत पड़ी। वहीं मादुरो खड़े होकर स्पेनिश भाषा में बोले, जिसका अनुवाद कोर्ट के नियुक्त अनुवादक ने किया। बताया गया कि दोनों शारीरिक रूप से काफी थके और कमजोर नजर आ रहे थे।

CNN की कानूनी विश्लेषक लॉरा कोट्स ने बताया कि दोनों को कुर्सी पर बैठने और उठने में परेशानी हो रही थी। मादुरो बार-बार अपनी पत्नी की तरफ देख रहे थे। वहीं फ्लोरेस अपने पति के मुकाबले ज्यादा शांत दिखाई दीं।

63 साल के मादुरो और 69 साल की फ्लोरेस को 3 जनवरी को वेनेजुएला में अमेरिकी सेना ने हिरासत में लिया था। दोनों का कहना है कि यह कार्रवाई गैरकानूनी थी। उनकी अगली कोर्ट पेशी 17 मार्च को तय की गई है।

‘चाविस्मो’ आंदोलन की नेता हैं फ्लोरेस

फ्लोरेस ने कानून की पढ़ाई की है। अपराध से जुड़े मामलों में विशेषज्ञता हासिल है। साल 1992 में उनका राजनीतिक कद तब बढ़ा, जब उन्होंने सैन्य नेता ह्यूगो चावेज को कानूनी मदद देने वाली टीम का नेतृत्व किया। उस समय चावेज ने तत्कालीन राष्ट्रपति कार्लोस आंद्रेस पेरेज के खिलाफ तख्तापलट की कोशिश की थी।

कहा जाता है कि फ्लोरेस ने 1994 में चावेज की जेल से रिहाई में अहम भूमिका निभाई। यही आगे चलकर 1999 में चावेज के राष्ट्रपति बनने की राह बना। इसके बाद फ्लोरेस ‘चाविस्मो’ आंदोलन की एक अहम नेता बन गईं।

चाविस्मो आंदोलन ह्यूगो चावेज के नाम पर बना था। चाविस्मो गरीबों, मजदूरों और आम लोगों के हक की बात करता है। इसका मकसद देश की दौलत, खासकर तेल से होने वाली कमाई, का इस्तेमाल आम जनता की भलाई के लिए करना है।

शुरुआत में चाविस्मो के कुछ फायदे भी दिखे। तेल से मिलने वाले पैसे से शिक्षा, स्वास्थ्य और सब्सिडी पर खूब खर्च हुआ। गरीब वर्ग को लगा कि सरकार उनके साथ खड़ी है। लेकिन यही मॉडल आगे चलकर वेनेजुएला की सबसे बड़ी कमजोरी बन गया।

वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति ह्यूगो चावेज के साथ सिलिया फ्लोरेस।

वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति ह्यूगो चावेज के साथ सिलिया फ्लोरेस।

पति मादुरो से 6 साल बड़ी हैं फ्लोरेस

चाविस्मो आंदोलन के दौरान फ्लोरेस की मुलाकात निकोलस मादुरो से हुई। निकोलस, फ्लोरेस से 6 साल छोटे हैं। दोनों पिछले 30 साल से ज्यादा समय से साथ हैं। फ्लोरेस की पहली शादी से उनके तीन बच्चे हैं।

फ्लोरेस की पहचान सिर्फ मादुरो की पत्नी के तौर पर नहीं बनी। उन्होंने अपनी अलग राजनीतिक पहचान बनाई थी, उससे पहले कि वेनेजुएला की ‘फर्स्ट कॉम्बैटन्ट’ कहलाएं। चाविस्मो में ‘फर्स्ट लेडी’ की जगह यही शब्द इस्तेमाल किया जाता है।

1999 में चावेज राष्ट्रपति बने। इसके एक साल बाद, 2000 में, फ्लोरेस को उनके गृह राज्य कोहैदेस से नेशनल असेंबली (संसद) का सदस्य चुना गया। 2005 में वे दोबारा चुनी गईं। 2006 में उन्होंने मादुरो की जगह ली और वेनेजुएला की संसद की अध्यक्ष बनने वाली पहली महिला बनीं।

2009 में वे चावेज की यूनाइटेड सोशलिस्ट पार्टी ऑफ वेनेजुएला की दूसरी उपाध्यक्ष बनीं। 2012 में चावेज ने उन्हें देश की अटॉर्नी जनरल नियुक्त किया।

2013 में चावेज की मौत के बाद मादुरो ने विपक्षी नेता एनरिके काप्रिलेस को हराकर राष्ट्रपति पद जीता। जुलाई 2013 में मादुरो और फ्लोरेस ने शादी कर ली, जबकि वे पहले ही दो दशक से ज्यादा समय से साथ थे।

फर्स्ट कॉम्बैटन्ट बनने के बाद फ्लोरेस कुछ समय के लिए सार्वजनिक जीवन से दूर रहीं और पर्दे के पीछे काम करने लगीं। लेकिन 2017 में वे फिर राजनीति में लौटीं, जब उन्हें संविधान सभा का सदस्य चुना गया। यह सभा नया संविधान तैयार करने के लिए बनाई गई थी। 2021 में वे फिर से नेशनल असेंबली की सदस्य बनीं।

पति निकोलस मादुरो के साथ सिलिया फ्लोरेस।

पति निकोलस मादुरो के साथ सिलिया फ्लोरेस।

विवादों से नारा रहा, भाई-भतीजावाद के भी आरोप फ्लोरेस पर रिश्तेदारों को अहम पद देने, यानी भाई-भतीजावाद के आरोप भी लगते रहे हैं। ​​​​​​​मादुरो के बेहद करीबी दायरे का हिस्सा होने की वजह से फ्लोरेस को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी असर झेलना पड़ा।

2018 में अमेरिका और कनाडा ने उन पर प्रतिबंध लगाए। यह कदम तब उठाया गया, जब ऑर्गनाइजेशन ऑफ अमेरिकन स्टेट्स ने कहा कि मादुरो सरकार ने मानवता के खिलाफ अपराध किए हैं।

अखबार ‘द गार्जियन’ के मुताबिक, फ्लोरेस पर यह भी आरोप है कि उन्होंने 2007 में सैकड़ों हजार डॉलर की रिश्वत ली थी। आरोप है कि इस पैसे के बदले उन्होंने एक बड़े ड्रग तस्कर और वेनेजुएला के नेशनल एंटी-ड्रग ऑफिस के डायरेक्टर के बीच मुलाकात करवाई थी।

फ्लोरेस के दो भतीजों को पहले अमेरिका में गिरफ्तार किया गया था। 2017 में उन्हें अमेरिका में कोकीन तस्करी की साजिश के मामले में 18 साल की सजा सुनाई गई थी। 2022 में उन्हें एक कैदी अदला-बदली के तहत रिहा किया गया, जब वेनेजुएला ने सात अमेरिकी नागरिकों को छोड़ा था।

अमेरिका का दावा है कि रिकॉर्डिंग में यह साबित हुआ था कि फ्लोरेस के भतीजे मादुरो के राष्ट्रपति हैंगर से सैकड़ों किलो कोकीन अमेरिका भेजने की योजना बना रहे थे।

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