New Labour Law: देश में कामकाजी कर्मचारियों के लिए ओवरटाइम करना आम बात है. कई लोग ओवरटाइम तो करते हैं लेकिन उन्हें इसकी जानकारी नहीं होती इसके एवज में उन्हें कितना पैसा मिलेगा. लेकिन अब नए श्रम कानून के तहत कर्मचारियों को थोड़ी राहत मिली है. नए श्रम कानून नियम के हिसाब से अब कर्मचारियों को एक्स्ट्रा काम करने के बदले में पहले से भी डबल सैलरी मिलेगी.
क्या है ओवरटाइम?
श्रम कानूनों के अनुसार, किसी भी कर्मचारी से तय कार्य समय से ज्यादा काम लेने पर उसे ओवरटाइम के रूप में अतिरिक्त भुगतान देना ज़रूरी है. पहले कई कंपनियों में इस नियम का सही तरीके से पालन नहीं हो रहा था. जिससे कर्मचारियों को नुकसान उठाना पड़ता था. अब सरकार और श्रम विभाग ने इस दिशा में सख्ती बढ़ा दी है. कंपनियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे ओवरटाइम के घंटों का सही रिकॉर्ड रखें और कर्मचारियों को नियमानुसार भुगतान करें. नियमों के उल्लंघन पर जुर्माना और अन्य कार्रवाई भी की जा सकती है.
ओवरटाइम के नियम
यदि आप भी अपने दफ्तर में आठ या नौ घंटे की शिफ्ट के अलावा 1 या दो घंटा ज्यादा काम करते हैं तो इसे ओवरटाइम कहा जाता है. इस ओवरटाइम के नए नियमों के मुताबिक:
- यदि कोई व्यक्ति अपनी शिफ्ट से ज्यादा देर तक काम करता है, तो उसे ओवरटाइम का भुगतान ज़रूर मिलेगा.
- ओवरटाइम करने वाले व्यक्ति को ‘डबल वेतन’ दिया जाएगा. यानी अगर आपने एक घंटा ज्यादा काम किया है तो आपको दो घंटे की सैलरी एक्स्ट्रा वेतम के रूप में दी जाएगा.
- नए नियमों के अंतर्गत कोई भी कंपनी अपने कर्मचारी को कंओवरटाइम करने या एक्सट्रा पैसा देने के लिए मना नहीं कर सकती है.
- नए नियम के अनुसार ये ‘डबल वेतन’ आपको बेसिक सैलरी के कैलकुलेशन के हिसाब से मिलेगा.
कर्मचारियों को जागरुक करना है उद्देश्य
इस नए नियम का उद्देश्य कर्मचारियों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करना है. यदि उनसे तय समय से ज्यादा काम कराया जाता है, तो वो ओवरटाइम भुगतान की मांग कर सकते हैं. इसके लिए कंपनी के एचआर विभाग या श्रम विभाग से संपर्क किया जा सकता है. इस नए नियम का सबसे बड़ा फायदा ये होगा कि ऑफिस में पारदर्शिता बनी रहेगा और कर्मचारियों का शोषण भी नहीं हो सकेगा.


