देश के करोड़ों Android स्मार्टफोन यूजर्स पर नया खतरा मंडरा रहा है। गृह मंत्रालय (MHA) की साइबर सिक्योरिटी विंग I4C ने यूजर्स को ”Android God Mode” नाम के एडवांस एंड्रॉइड मैलवेयर को लेकर आगाह किया है। यह मैलवेयर यूजर के फोन में इंस्टॉल होकर डिवाइस का लगभग पूरा एक्सेस ले लेता है। यह मैलवेयर आपके मैसेज, ई-मेल को पढ़ सकता है। इसके अलावा फोन की लोकेशन, बैंकिंग ऐप्स, ट्रांजैक्शन आदि को ट्रैक कर सकता है।
सरकार की वार्निंग
गृह मंत्रालय की तरफ से लोगों को इस मैलवेयर के बारे में सतर्क करते हुए कहा गया है कि यह डिवाइस की Accessibility Permissions का दुरुपयोग करके अनाधिकृत कंट्रोल प्राप्त कर सकता है। I4C ने अपने आधिकारिक X हैंडल से इस नए मैलवेयर को लेकर चेतावनी जारी की है। साथ ही, लोगों को इससे बचने के लिए उपाय भी बताए हैं।
I4C (साइबर दोस्त) ने X हैंडल के जरिए कहा है कि बढ़ती साइबर अपराध की घटनाओं को मद्देनजर, नागरिकों को “Android God Mode” नामक उन्नत Android मैलवेयर के प्रति सतर्क किया जाता है। नेशनल साइबरक्राइम थ्रेट अनैलिटिक्स यूनिट (NCTAU) ने पाया है कि ये दुर्भावनापूर्ण ऐप्स SBI YONI, RTO चालान, जीवन प्रमाण पत्र और कस्टमर सपोर्ट ऐप्स का रूप धारण कर उपयोगकर्ताओं को उन्हें इंस्टॉल करने के लिए गुमराह करते हैं।
ये ऐप्स Accessibility अनुमति का दुरुपयोग कर डिवाइस पर लगभग पूरा नियंत्रण हासिल कर लेते हैं और बिना जानकारी के वित्तीय एवं व्यक्तिगत डेटा की चोरी कर सकते हैं।
नागरिकों को सलाह दी जाती है कि:
- केवल आधिकारिक Google Play Store या विश्वसनीय स्त्रोतों से ही ऐप इंस्टॉल करें।
- किसी भी अनजना या संदिग्ध ऐप को Accessibility अनुमति न दें।
- लिंक, WhatsApp या APK फाइल के माध्यम से प्राप्त ऐप्स से सावधान रहें।
- यदि कोई संदिग्ध ऐप मिले तो उसे तुरंत हटाएं और ऐप की अनुमतियों की जांच करें।
किसी भी साइबर अपराध की तुरंत शिकायत 1930 पर कॉल करके या www.cybercrime.gov.in पर दर्ज करें। नागरिकों से अनुरोध है कि वे सतर्क रहें और गृह मंत्रालय एवं भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र द्वारा जारी आधिकारिक परामर्श का पालन करें।
यह भी पढ़ें – WhatsApp, Signal, Telegram जैसे ऐप्स को राहत, DoT ने बढ़ा दी SIM बाइंडिंग की डेडलाइन


