मिडिल-ईस्ट में जारी तनाव के बीच सप्लाई बाधाओं के बावजूद देश की हवाई सेवाएं अगले 2 महीनों तक बिना किसी रुकावट के जारी रहेंगी। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू ने सोमवार को राज्यसभा में बताया कि देश में अगले 60 दिनों तक बिना किसी रुकावट के ‘एविएशन टर्बाइन फ्यूल’ (ATF) की पर्याप्त सप्लाई की व्यवस्था है। राज्यसभा में पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के कारण तेल संकट के बीच पूछे गए पूरक प्रश्न के जवाब में नायडू ने ये जानकारी दी। उन्होंने कहा, ”इस समय हमारे देश में एटीएफ की पर्याप्त सप्लाई है। सामान्य प्रक्रिया के अनुसार एटीएफ का लगभग आधा उत्पादन घरेलू खपत के लिए और आधा निर्यात के लिए होता है।” केंद्रीय मंत्री ने भरोसा दिलाया कि उत्पादन या आपूर्ति में किसी प्रकार की समस्या की संभावना नहीं है।
मंत्रालय ने बढ़ाई एयरलाइन कंपनियों के ऑडिट की संख्या
सुरक्षा को लेकर पूछे गए सवाल पर मंत्री ने कहा कि मंत्रालय ने एयरलाइन कंपनियों के ऑडिट की संख्या बढ़ा दी है। उन्होंने कहा, ”सुरक्षा, मंत्रालय की सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए हम नियमित रूप से कई बार निरीक्षण कर रहे हैं।” आपातकालीन लैंडिंग सुविधाओं के संबंध में नायडू ने बताया कि आपातकालीन या प्राथमिक लैंडिंग का फैसला विमान की सुरक्षा के आधार पर लिया जाता है। उन्होंने कहा कि लैंडिंग का तरीका तय करने से पहले सुरक्षा नियमों का पालन जरूरी है और ये विमान के प्रकार, मौसम की स्थिति और अन्य कारकों पर निर्भर करता है।
एयरलाइन ऑपरेटरों ने पूरा किया विमानों का आवश्यक निरीक्षण
एयर इंडिया विमान दुर्घटना के बाद फ्यूल कंट्रोल स्विच के ‘लॉकिंग मैकेनिज्म’ की जांच पर पूछे गए सवाल के लिखित उत्तर में नागरिक उड्डयन मंत्री ने कहा कि जुलाई 2025 में नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने सभी ऑपरेटरों को आदेश दिया था कि वे देश में बोइंग विमान फ्लीट पर संघीय विमानन प्रशासन (FAA) द्वारा जारी विशेष ‘उड़ान योग्यता सूचना बुलेटिन’ (SAIB) NM-18-33 के अनुसार लॉकिंग मैकेनिज्म की जांच करें। नायडू ने कहा, ”एयरलाइन ऑपरेटरों ने आवश्यक निरीक्षण पूरा कर लिया है और सभी विमानों को संचालन के लिए सुरक्षित पाया गया है।” मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार और मंत्रालय दोनों ही विमानन सुरक्षा और ईंधन आपूर्ति की निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं।


