क्या INDIA गठबंधन का नेतृत्व कांग्रेस से छिटककर विपक्ष के किसी और दल के पास जा सकता है, यह नई राजनीतिक बहस कहीं और से नहीं बल्कि कांग्रेस के भीतर से ही उठी है. कई मुद्दों पर विवादित बयान के चलते सुर्खियों में रहने वाले मणिशंकर अय्यर ने ही यह बयान दिया है. उन्होंने सलाह दी है कि राहुल गांधी को इंडिया ब्लॉक की बागडोर को छोड़ देना चाहिए और इसे किसी क्षेत्रीय दल को सौंप देना चाहिए.
‘ममता बनर्जी बनें इंडिया गठबंधन की नेतृत्वकर्ता’
पश्चिम बंगाल में विधान सभा चुनाव में अब ज्यादा समय बाकी नहीं है, इससे पहले ही मणिशंकर अय्यर ने नए राजनीतिक विवाद को जन्म दे दिया है. रविवार (22 फरवरी) को अपने बयान में कहा, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इंडिया गठबंधन की नेता हैं, जिनके बिना “इंडिया गठबंधन का ‘आई’, ‘एन’, ‘डी’, ‘आई’, ‘ए’ अस्तित्वहीन हो जाएगा.”
‘छोटे दलों को दें इंडिया ब्लॉक की कमान’
अय्यर ने आगे कहा, ‘मुझे उम्मीद है कि राहुल गांधी को इस पद पर बने रहने के बजाय छोटी पार्टियों चाहें वह स्टालिन हों, ममता दीदी हों या अखिलेश यादव, तेजस्वी यादव या कोई और, को इंडिया ब्लॉक की कमान संभालने देना चाहिए.’
बंगाल कांग्रेस नेताओं ने साधा निशाना
अय्यर के इस बयान पर बंगाल कांग्रेस के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. कांग्रेस के प्रदेश महासचिव सुमन रॉय चौधरी ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा, सबसे पहले यह स्पष्ट कर दें कि मणिशंकर अय्यर लंबे समय से कांग्रेस पार्टी की गतिविधियों से जुड़े नहीं हैं. आगे कहा कि पश्चिम बंगाल में राज्यसभा की 5 सीटें खाली हैं, क्या क्या यही मणिशंकर अय्यर की ऐसी टिप्पणी का कारण था? हमें संदेह है.’ वहीं, तृणमूल नेता कुणाल घोष ने अय्यर के बयान पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया. कहा, ‘मैं अभी कोई टिप्पणी नहीं करूंगा क्योंकि हम सभी बंगाल चुनावों में व्यस्त हैं.’
स्टालिन का भी ले चुके नाम
इससे पहले अय्यर INDIA ब्लॉक को मजबूत करने के लिए एमके स्टालिन को सही आदमी बता चुके हैं. अय्यर ने कहा था, राहुल गांधी भारत के PM बन सकते हैं, बशर्ते कोई ऐसा हो जो अपना सारा समय इंडिया ब्लॉक को मजबूत करने में लगाए. कहा, ‘स्टालिन ने पिछले साल जो किया है, वह भारत में फेडरलिज्म से जुड़े हर एक पॉइंट को उठाना है. इसलिए, मेरा मानना है कि वह INDIA ब्लॉक के चेयरमैन बनने के लिए सबसे सही आदमी हैं और उनमें यह बड़ी खूबी है कि वह राहुल गांधी के PM बनने के रास्ते में नहीं आएंगे.’


