
दिल्ली-मेरठ के बीच रोजाना सफर करने वाले लाखों यात्रियों के लिए बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। अब नमो भारत रैपिड रेल और मेरठ मेट्रो के लिए अलग-अलग टिकट लेने की झंझट खत्म होने जा रही है। एनसीआरटीसी ने दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ आरआरटीएस कॉरिडोर पर सिंगल टिकट सिस्टम लागू करने का फैसला किया है। यानी अब एक ही टिकट या नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड के जरिए यात्री दोनों सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे।
अब तक यात्रियों को रैपिड रेल और मेरठ मेट्रो के लिए अलग टिकट लेना पड़ता था, जिससे समय और असुविधा दोनों बढ़ते थे। लेकिन नई व्यवस्था के तहत मेरठ साउथ से मोदीपुरम तक किसी भी स्टेशन से टिकट लेकर यात्री सीधे दिल्ली या गाजियाबाद तक सफर कर सकेंगे। यह सुविधा मेरठ साउथ से मोदीपुरम के बीच स्थित सभी 13 स्टेशनों पर उपलब्ध होगी। इससे रोजाना ऑफिस जाने वाले, छात्र और अन्य यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी।
आसान होगा इंटरचेंज, नहीं निकलना होगा स्टेशन से बाहर
नई व्यवस्था की सबसे खास बात यह है कि ट्रेन बदलने के लिए स्टेशन से बाहर निकलने की जरूरत नहीं होगी। मोदीपुरम, बेगमपुल, शताब्दीनगर या मेरठ साउथ जैसे स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म बदलकर यात्री आसानी से मेट्रो से नमो भारत या नमो भारत से मेट्रो में ट्रांसफर कर सकेंगे। इससे सफर और भी तेज और सुगम हो जाएगा। खासतौर पर पीक आवर्स में यह सुविधा यात्रियों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगी।
समय और ऊर्जा दोनों की बचत
सिंगल टिकट सिस्टम लागू होने से यात्रियों को अलग-अलग काउंटर पर लाइन लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। एक ही टिकट से पूरी यात्रा संभव होगी, जिससे समय की बड़ी बचत होगी। साथ ही यात्रा अनुभव भी ज्यादा सहज और स्मार्ट बनेगा।
डिजिटल और स्मार्ट ट्रैवल की ओर कदम
नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड के जरिए यात्रा की सुविधा से डिजिटल भुगतान और स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सिस्टम को भी बढ़ावा मिलेगा। यह कदम दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में सार्वजनिक परिवहन को और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


